रतलाम। महर्षि श्री अरविंद की जयंती पखवाड़े के अंतर्गत मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद जिला रतलाम द्वारा रॉयल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड एडवांस्ड स्टडीज, सालाखेड़ी कैंपस में जिला स्तरीय व्याख्यानमाला का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में राष्ट्रभक्ति, आध्यात्म, शिक्षा, युवा शक्ति, पर्यावरण संरक्षण और राष्ट्र निर्माण जैसे विषयों पर वक्ताओं ने अपने विचार रखते हुए युवाओं को महर्षि श्री अरविंद के जीवन दर्शन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती, महर्षि श्री अरविंद एवं श्री माँ के चित्र पर माल्यार्पण तथा दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। रॉयल ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के चेयरमैन श्री प्रमोद गुगालिया ने अतिथियों का शॉल, श्रीफल एवं पुष्पगुच्छ से स्वागत किया। मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के जिला समन्वयक श्री रत्नेश विजयवर्गीय ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए स्वागत उद्बोधन दिया।
व्याख्यानमाला के मुख्य वक्ता बीकानेर राजगुरु निर्वाण पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर परम पूज्य स्वामी श्री विशोकानंद भारती जी महाराज ने राष्ट्रभक्ति एवं आध्यात्म के माध्यम से राष्ट्र निर्माण विषय पर युवाओं से संवाद किया। उन्होंने कहा कि महर्षि श्री अरविंद के जीवन में राष्ट्रभक्ति और आध्यात्म का अद्भुत समन्वय दिखाई देता है। युवाओं को भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों और आध्यात्मिक चेतना से जुड़कर सशक्त राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभानी चाहिए।
अखण्ड ज्ञान आश्रम के स्वामी संत श्री देव स्वरूपानंद जी महाराज ने कहा कि महर्षि श्री अरविंद का जीवन आत्मविकास के साथ समाज और राष्ट्र के विकास की प्रेरणा देता है। उनका शिक्षा दर्शन शरीर, मन, बुद्धि और आत्मा के समग्र विकास पर केंद्रित था।
रतलाम विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष मनोहर पोरवाल ने कहा कि महर्षि श्री अरविंद ने ऐसे भारत की कल्पना की थी, जिसमें युवा प्रतिभा, संस्कार और राष्ट्रीय चेतना के साथ देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं। न्यायाधीश एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्री नीरज पवैया ने उनके विचारों को नागरिक कर्तव्यों और सामाजिक उत्तरदायित्व से जोड़ते हुए जागरूक एवं जिम्मेदार नागरिक को सशक्त राष्ट्र की आधारशिला बताया।
अरविंद सोसायटी की प्राध्यापक सुश्री ऋतम् उपाध्याय ने महर्षि श्री अरविंद के शिक्षा दर्शन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल रोजगार प्राप्त करना नहीं, बल्कि संवेदनशील, संस्कारित और राष्ट्र के प्रति समर्पित नागरिक तैयार करना है।
पर्यावरणविद एवं जिला जन अभियान समिति के पूर्व उपाध्यक्ष अशोक पाटीदार ने प्रकृति और मानव जीवन के समन्वय संबंधी विचारों को सामने रखते हुए त्रिवेणी वन रोपण अभियान की जानकारी दी। वहीं प्रजापिता ब्रह्माकुमारी की बीके सविता दीदी ने आत्मचेतना और सकारात्मक जीवन पर प्रकाश डालते हुए 10 करोड़ नशामुक्ति प्रतिज्ञा अभियान से जुड़ने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में महर्षि श्री संजय शिवशंकर दवे, महर्षि अरविंद सोसायटी के चेयरमैन श्री सतीश पंडया, रॉयल ग्रुप के डायरेक्टर डॉ. उबेद अफजल सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम के बाद विद्यार्थियों एवं नागरिकों को नशामुक्ति और स्वैच्छिकता की शपथ दिलाई गई। एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत त्रिवेणी के पौधों का रोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया।
कार्यक्रम का संचालन श्री महावीरदास बैरागी ने किया तथा आभार रॉयल कॉलेज प्रशासन के प्रोफेसर श्री दिनेश राजपुरोहित ने माना।
इस अवसर पर मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के विकासखंड समन्वयक श्री मुकेश कटारिया, श्री निर्मल अमलियार, श्री शैलेन्द्र सिंह सोलंकी, श्री रतनलाल चरपोटा एवं श्री विजयेश राठौड़ सहित रॉयल कॉलेज के विभिन्न विभागों के प्राचार्य एवं विभागाध्यक्ष, सीएमसीएलडीपी के छात्र, नवांकुर संस्थाओं के प्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, शिक्षाविद्, विद्यार्थी एवं बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।
महर्षि श्री अरविंद की जयंती पखवाड़े के तहत आयोजित यह व्याख्यानमाला युवाओं में राष्ट्रभक्ति, संस्कार, आध्यात्मिक चेतना, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना जगाने का प्रभावी मंच बनी।
रिपोर्टर जितेन्द्र कुमावत